इंडिया गेट पर गरीबो को जलाती है
गुदरी मे लिपटा एक मनुष कापता है
लाल पलंग पर दूसरा गर्मी से तंग है
लाल पलंग पर दूसरा गर्मी से तंग है
दिल्ली के रक्षक टोयटा मे सवार है
गरीब और अमीर सभी के चोकेदार है
मधुशाला मे जा कर जो मदिरा पीता है
उनके लिए तो आकाश भी करीब है
भारत के संतान संसद मे विराजमान है
संसद के रखवाली मे सारा हिंदुस्तान है
-आसिफ इकबाल


1 comment:
bahut khubsurat iqbal sahab.
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